ग्लासगो। राष्ट्रमंडल खेल 2026 में शनिवार भारतीय खेल इतिहास के यादगार दिनों में शामिल हो गया। भारतीय खिलाड़ियों ने अलग-अलग खेलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए पूरे दिन पदकों की झड़ी लगा दी। बॉक्सिंग रिंग से लेकर एथलेटिक्स ट्रैक, जूडो मैट और पैरा एथलेटिक्स तक तिरंगा लगातार लहराता रहा। दिन समाप्त होने तक भारत के खाते में 16 नए पदक जुड़ चुके थे, जिसके दम पर भारतीय दल 39 पदकों के साथ पदक तालिका में चौथे स्थान पर पहुंच गया। इस प्रदर्शन ने न केवल खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया, बल्कि अंतिम दिन से पहले भारत की पदक संख्या में और इजाफे की उम्मीद भी जगा दी।
भारतीय सफलता की सबसे बड़ी कहानी मुक्केबाजी में लिखी गई। भारतीय मुक्केबाजों ने पूरे दिन अपने प्रतिद्वंद्वियों पर दबदबा बनाए रखा और सात स्वर्ण तथा तीन रजत पदक जीतकर नया कीर्तिमान स्थापित किया। महिलाओं के 51 किलोग्राम वर्ग में साक्षी चौधरी ने फाइनल में इंग्लैंड की रूबी व्हाइट को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। 57 किलोग्राम वर्ग में जैस्मिन लांबोरिया ने शानदार तकनीकी खेल का प्रदर्शन करते हुए एकतरफा अंदाज में जीत दर्ज की। महिलाओं के 60 किलोग्राम वर्ग में प्रिया घनघास ने कनाडा की मैरी-बाथूल अल-अहमदिएह को 4-1 से हराकर भारत के स्वर्ण पदकों की संख्या में एक और इजाफा किया।
पुरुष वर्ग में भी भारतीय मुक्केबाज पीछे नहीं रहे। हिमांशु शर्मा, अंकुश, कपिल पोखरिया और निखिल दुबे ने अपने-अपने फाइनल मुकाबले जीतकर स्वर्ण पदक हासिल किए। वहीं अनुभवी मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन के अलावा मीनाक्षी और हिना को फाइनल में कड़ा संघर्ष करने के बावजूद रजत पदक से संतोष करना पड़ा। मुक्केबाजी से मिले कुल दस पदकों ने भारत की पदक तालिका में छलांग लगाने में सबसे बड़ी भूमिका निभाई।
एथलेटिक्स में भी भारतीय खिलाड़ियों ने प्रभावशाली प्रदर्शन किया। पुरुष ट्रिपल जंप में प्रवीण चित्रावेल ने रजत और सेल्वा प्रभु थिरुमरन ने कांस्य पदक जीतकर एक ही स्पर्धा में भारत को दोहरी सफलता दिलाई। लंबी दूरी की दौड़ में गुलवीर सिंह ने 5000 मीटर स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर राष्ट्रमंडल खेलों के इतिहास में ट्रैक स्पर्धाओं में दो पदक जीतने वाले पहले भारतीय बनने का गौरव हासिल किया।
पैरा एथलेटिक्स में भारत के पूर्व सैनिक सोमन राणा ने पुरुष शॉटपुट एफ-57 वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर देश का गौरव बढ़ाया। इसी स्पर्धा में शुभम जुयाल ने रजत पदक जीतकर भारतीय दल को दोहरी सफलता दिलाई। जूडो में यामिनी मौर्य ने महिलाओं के 57 किलोग्राम वर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया और भारत की झोली में एक और पदक डाला।
शनिवार को भारत के लिए पदक जीतने वालों में साक्षी चौधरी, जैस्मिन लांबोरिया, प्रिया घनघास, हिमांशु शर्मा, अंकुश, कपिल पोखरिया, निखिल दुबे और सोमन राणा ने स्वर्ण पदक हासिल किए। वहीं लवलीना बोरगोहेन, मीनाक्षी, हिना, प्रवीण चित्रावेल, शुभम जुयाल और यामिनी मौर्य ने रजत पदक जीते। कांस्य पदक विजेताओं में गुलवीर सिंह और सेल्वा प्रभु थिरुमरन शामिल रहे।
भारतीय खिलाड़ियों के इस दमदार प्रदर्शन के बाद खेल विशेषज्ञों का मानना है कि अंतिम दिन भी भारत के पास पदकों की संख्या बढ़ाने का अच्छा अवसर है। जिस तरह भारतीय दल ने शनिवार को विभिन्न खेलों में अपना दबदबा दिखाया, उससे यह साफ संकेत मिला है कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की चुनौती लगातार मजबूत होती जा रही है।
